प्रज्ञा हॉस्पिटल में ऑपरेशन से हुई थी डिलीवरी, हालत बिगड़ने पर ओरियाना हॉस्पिटल किया गया था रेफर; पुलिस शिकायत की कर रही जांच
वाराणसी (रणभेरी): शहर के ओरियाना हॉस्पिटल में बुधवार को 28 वर्षीय प्रसूता नीलम पटेल की मौत के बाद परिजनों ने जमकर हंगामा किया। परिजनों ने प्रज्ञा हॉस्पिटल में इलाज के दौरान लापरवाही बरतने का आरोप लगाते हुए कार्रवाई की मांग की। सूचना पर पहुंची पुलिस ने परिजनों को समझाकर शांत कराया। पुलिस का कहना है कि शिकायत की जांच की जा रही है। फिलहाल इलाज में लापरवाही के आरोपों की पुष्टि नहीं हुई है।
डिलीवरी के बाद रात में बिगड़ी तबीयत
मृतका के भाई आशीष कुमार पटेल के मुताबिक, उन्होंने मंगलवार दोपहर करीब 12 बजे नीलम को प्रज्ञा हॉस्पिटल में भर्ती कराया था। दोपहर करीब एक बजे ऑपरेशन से उनकी डिलीवरी हुई। परिजनों का दावा है कि डिलीवरी के बाद नीलम की हालत सामान्य थी।

आशीष ने बताया कि रात करीब 10 बजे नीलम को दर्द होने पर नर्स को बुलाया गया। आरोप है कि इंजेक्शन देने के बाद उनका ब्लड प्रेशर बढ़ने लगा और घबराहट होने लगी। इसके बाद उन्हें आईसीयू में ले जाने की बात कही गई। परिजनों के अनुसार, वहां भी इंजेक्शन देने के बाद उनकी हालत में उतार-चढ़ाव होता रहा। स्थिति गंभीर होने पर परिजनों को बाहर कर दिया गया।
सुबह 4:30 बजे ओरियाना हॉस्पिटल लाए
आशीष के अनुसार, प्रज्ञा हॉस्पिटल प्रबंधन ने नीलम की गंभीर हालत को देखते हुए बेहतर इलाज के लिए उन्हें ओरियाना हॉस्पिटल ले जाने की सलाह दी थी। परिजनों को बताया गया था कि वहां बेहतर सुविधाएं और बड़ा ऑपरेशन थिएटर है। इसके बाद बुधवार सुबह करीब 4:30 बजे एंबुलेंस से नीलम को ओरियाना हॉस्पिटल पहुंचाया गया।

परिजनों का आरोप है कि अस्पताल पहुंचने पर जांच के बाद कर्मचारियों ने नीलम की नब्ज ठीक से नहीं चलने की बात कही और उन्हें नीचे इंतजार करने को कहा। आशीष के मुताबिक, परिवार के लोग करीब डेढ़ घंटे तक इस उम्मीद में इंतजार करते रहे कि नीलम की हालत में सुधार होगा। बाद में एक रिश्तेदार ऊपर गए तो उन्हें नीलम की मौत की जानकारी दी गई।
ओरियाना प्रबंधन ने कहा- गंभीर हालत में लाई गई थीं
ओरियाना हॉस्पिटल प्रशासन के मुताबिक, नीलम को जब अस्पताल लाया गया, तब उनकी हालत गंभीर थी। चिकित्सकों ने उन्हें बचाने का प्रयास किया, लेकिन सफलता नहीं मिली और उनकी मौत हो गई।
घटना के बाद अस्पताल में हंगामे की सूचना पर भेलूपुर पुलिस मौके पर पहुंची। थाना प्रभारी दुर्गा प्रसाद ने बताया कि परिजनों को समझाकर शांत करा दिया गया है। उनकी शिकायत की जांच की जा रही है। परिजन प्रज्ञा हॉस्पिटल के खिलाफ कार्रवाई की मांग कर रहे हैं। फिलहाल मामले में इलाज के दौरान लापरवाही के आरोपों की जांच की जा रही है। जांच के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि प्रसूता की मौत किन परिस्थितियों में हुई और इसमें किसी स्तर पर लापरवाही बरती गई थी या नहीं।
