वाराणसी (रणभेरी): बनारस रेल इंजन कारखाना (बरेका) के केंद्रीय खेल मैदान में दशहरे को लेकर तैयारियां जोर पकड़ने लगी हैं। इस बार यहां होने वाला रावण दहन अपने बदले हुए स्वरूप के कारण चर्चा में है। परंपरागत दस सिरों वाले रावण की जगह इस वर्ष एक सिर वाला रावण का पुतला तैयार किया जा रहा है।
दशहरा आयोजन के लिए मैदान में रावण, कुंभकर्ण और मेघनाद के विशाल पुतले बनाए जा रहे हैं। रावण का पुतला 70 फीट ऊंचा होगा, जबकि कुंभकर्ण की ऊंचाई 65 फीट और मेघनाद का पुतला 60 फीट का तैयार किया जा रहा है। इन पुतलों को अंतिम रूप देने के लिए कारीगर लगातार काम में जुटे हुए हैं।

कई पीढ़ियों से निभा रहा परिवार परंपरा
बरेका में पुतला निर्माण की जिम्मेदारी शमशाद खान और उनका परिवार संभाल रहा है। परिवार लंबे समय से इस काम से जुड़ा है और पीढ़ी-दर-पीढ़ी इस परंपरा को आगे बढ़ा रहा है। इस बार परिवार के लगभग 15 सदस्य पुतलों के निर्माण और सजावट में लगे हैं।
रामायण मंचन के बाद होगा पुतला दहन
दशहरे के दिन केंद्रीय खेल मैदान में रामायण का मंचन किया जाएगा। इसके बाद रावण, कुंभकर्ण और मेघनाद के पुतलों का दहन होगा। आयोजन को लेकर लोगों में उत्सुकता बनी हुई है। खास तौर पर एक सिर वाले रावण का पुतला इस बार आकर्षण का केंद्र रहने की उम्मीद है।
