वाराणसी (रणभेरी): Narendra Modi के अप्रैल के अंतिम सप्ताह में काशी आगमन की संभावना जताई जा रही है। प्रस्तावित दो दिवसीय दौरे के दौरान शहर को बुनियादी ढांचे और विकास से जुड़ी बड़ी परियोजनाओं का तोहफा मिल सकता है। प्रशासनिक सूत्रों के मुताबिक, इस यात्रा में लगभग 7000 करोड़ रुपये से अधिक की योजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास प्रस्तावित है।
बताया जा रहा है कि कार्यक्रम की समय-सीमा चुनावी गतिविधियों के अनुरूप तय की जा रही है, ताकि प्रचार समाप्ति और मतगणना के बीच दौरा संभव हो सके। इस दौरान प्रधानमंत्री के बरेका परिसर में ठहरने की भी योजना है। साथ ही एक विशाल जनसभा के आयोजन पर भी विचार चल रहा है।
कई क्षेत्रों में विकास योजनाओं की झड़ी
सूत्रों के अनुसार, सड़क, रेल, खेल और शहरी विकास से जुड़ी 100 से अधिक परियोजनाओं को सूचीबद्ध किया जा रहा है। इनमें सिग्नेचर ब्रिज के उद्घाटन और बाबा लाट भैरव सेतु के शिलान्यास जैसे प्रमुख कार्य शामिल हैं।
गंगा तट स्थित रामनगर क्षेत्र में सेंटर ऑफ एक्सीलेंस सहित कई नई पहल की घोषणा हो सकती है। इसके अलावा अमृत 2.0 योजना के तहत शहर के 18 वार्डों वरुणा पार, रामनगर और सूजाबाद समेत—में लगभग 814 करोड़ रुपये की पेयजल परियोजनाओं की नींव रखी जाएगी।
इन योजनाओं के अंतर्गत करीब 651 किलोमीटर लंबी पाइपलाइन बिछाने का लक्ष्य है, जिससे लगभग तीन लाख लोगों को लाभ मिलने की उम्मीद है। साथ ही 67,000 से अधिक घरों को शुद्ध पेयजल कनेक्शन से जोड़ा जाएगा। नगर निगम के नए सदन भवन के निर्माण के लिए भी लगभग 98 करोड़ रुपये की परियोजना प्रस्तावित है।
धार्मिक स्थलों पर भी कार्यक्रम
दौरे के दौरान प्रधानमंत्री के काशी के प्रमुख धार्मिक स्थलों—काशी विश्वनाथ मंदिर और कालभैरव मंदिर—में दर्शन-पूजन करने की संभावना है, जिसे लेकर तैयारियां शुरू हो चुकी हैं।
सुरक्षा और व्यवस्थाओं की समीक्षा
प्रधानमंत्री के संभावित दौरे को देखते हुए पुलिस और प्रशासन अलर्ट मोड में हैं। पुलिस आयुक्त और जिलाधिकारी ने बरेका क्षेत्र का निरीक्षण कर सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया।
निरीक्षण के दौरान प्रवेश और निकास मार्गों, भीड़ प्रबंधन, बैरिकेडिंग और ट्रैफिक नियंत्रण को लेकर निर्देश जारी किए गए। संवेदनशील स्थानों पर सीसीटीवी निगरानी और सुरक्षा बलों की तैनाती सुनिश्चित करने पर जोर दिया गया है।
इसके अलावा हेलीपैड, पार्किंग, वीवीआईपी मार्ग और आपातकालीन रूट की व्यवस्था का भी विस्तृत निरीक्षण किया गया। अधिकारियों को निर्देश दिया गया है कि वीवीआईपी मूवमेंट के दौरान शहर में सुचारु यातायात बनाए रखने के लिए विशेष ट्रैफिक प्लान लागू किया जाए।
कुल मिलाकर, प्रस्तावित दौरे को लेकर काशी में प्रशासनिक गतिविधियां तेज हो गई हैं और शहर को बड़ी विकास परियोजनाओं की सौगात मिलने की उम्मीद बढ़ गई है।
