वाराणसी (रणभेरी): कैंट थाना क्षेत्र के पांडेयपुर त्रिमुहानी के समीप स्थित एक मिठाई एवं बेकरी की दुकान में गुरुवार को दोपहर अचानक आग लगने से अफरा-तफरी का माहौल बन गया। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, दुकान में खाना तैयार करने के दौरान उपयोग किए जा रहे गैस सिलेंडर से आग की शुरुआत हुई। कुछ ही मिनटों में आग ने दुकान के अंदर रखे सामान को अपनी चपेट में ले लिया, जिससे हजारों रुपये की संपत्ति जलकर नष्ट हो गई। हालांकि कर्मचारियों की तत्परता और दुकान में उपलब्ध अग्निशमन उपकरणों के इस्तेमाल से आग पर समय रहते काबू पा लिया गया, जिससे एक बड़ा हादसा टल गया।
घटना पांडेयपुर मानसिक चिकित्सालय रोड पर स्थित श्री विनायक स्वीट्स की है। आग लगते ही दुकान से घना धुआं और ऊंची लपटें निकलने लगीं, जिन्हें देखकर आसपास के लोग मौके पर एकत्र हो गए। कुछ समय के लिए क्षेत्र में दहशत का माहौल बन गया और सड़क पर वाहनों की आवाजाही भी प्रभावित हुई। स्थानीय लोगों ने तुरंत पुलिस और फायर ब्रिगेड को सूचना दी।
सूचना मिलने पर कैंट थाना पुलिस तत्काल मौके पर पहुंची और सुरक्षा व्यवस्था संभालते हुए भीड़ को नियंत्रित किया। इसी बीच दुकान के कर्मचारियों ने हिम्मत दिखाते हुए दुकान में मौजूद अग्निशमन यंत्रों की सहायता से आग बुझाने का प्रयास शुरू किया। उनकी सतर्कता के कारण फायर सर्विस के पहुंचने से पहले ही आग पर काफी हद तक नियंत्रण पा लिया गया। इसके बाद स्थिति सामान्य होने पर यातायात भी सुचारु रूप से शुरू करा दिया गया।
कैंट थाना प्रभारी निरीक्षक राज किशोर पांडेय ने बताया कि आग लगने की सूचना मिलते ही पुलिस टीम तत्काल घटनास्थल पर पहुंच गई थी। उन्होंने बताया कि कर्मचारियों द्वारा समय रहते आग बुझाने के प्रयास सफल रहे, जिससे आग आसपास की अन्य दुकानों तक नहीं फैल सकी। उन्होंने यह भी कहा कि अब तक दुकान संचालक की ओर से कोई लिखित शिकायत नहीं दी गई है। यदि तहरीर प्राप्त होती है तो नियमानुसार आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
दुकान के स्वामी मुकेश चौहान, निवासी ठकुरापुरा, पांडेयपुर, ने बताया कि भवन को उन्होंने किराए पर दिया हुआ है। उनके अनुसार प्रथम तल पर किराएदार मिठाई और बेकरी का संचालन करते हैं, जबकि भूतल पर फास्ट फूड का व्यवसाय चलता है। शनिवार दोपहर लगभग एक बजे ग्राहकों के लिए ऑर्डर तैयार किए जा रहे थे। इसी दौरान गैस चूल्हे से जुड़े सिलेंडर में अचानक आग भड़क उठी और देखते ही देखते आग ने दुकान के अंदर रखे सामान को अपनी चपेट में ले लिया।
आग की इस घटना में किसी व्यक्ति के घायल होने या जनहानि की सूचना नहीं है, जो सबसे बड़ी राहत रही। हालांकि दुकान के अंदर लगे पर्दे, बिजली के पैनल, फर्नीचर तथा अन्य आवश्यक सामान आग की चपेट में आने से जलकर नष्ट हो गए। प्रारंभिक अनुमान के अनुसार इस घटना में हजारों रुपये का नुकसान हुआ है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि आग पर समय रहते काबू नहीं पाया जाता तो आसपास की दुकानों और भवनों तक भी आग फैल सकती थी। कर्मचारियों की सतर्कता और त्वरित कार्रवाई के कारण संभावित बड़ा नुकसान टल गया। पुलिस पूरे मामले की जानकारी जुटा रही है और आग लगने के सटीक कारणों की भी जांच की जा रही है।
