वाराणसी (रणभेरी): प्रदेश में हाल के दिनों में श्रमिक संगठनों द्वारा किए गए विरोध प्रदर्शनों के मद्देनज़र प्रशासन पूरी तरह सतर्क नजर आया। इसी क्रम में गुरुवार को प्रदेशव्यापी आंदोलन के आह्वान के तहत वाराणसी में भी विभिन्न मजदूर संगठनों ने श्रम कार्यालयों पर धरना देने की योजना बनाई थी।
हालांकि, प्रशासन ने किसी भी अप्रिय स्थिति से बचने के लिए सुबह से ही शहर के कई इलाकों में सख्ती बढ़ा दी। नाटी इमली स्थित लेबर कॉलोनी चौराहे के पास श्रम विभाग कार्यालय को पुलिस बल ने पूरी तरह से घेर लिया। प्रदर्शनकारियों के संभावित जुटान को रोकने के लिए बैरिकेडिंग की गई और आसपास के क्षेत्रों में चेकिंग अभियान चलाया गया।

सूत्रों के अनुसार, बड़ी संख्या में श्रमिक संगठनों के सदस्य मौके पर पहुंचने का प्रयास कर रहे थे, लेकिन पुलिस ने उन्हें आगे बढ़ने से रोक दिया। कई स्थानों पर आंदोलन से जुड़े लोगों को एहतियातन नजरबंद भी किया गया, ताकि कोई सार्वजनिक प्रदर्शन न हो सके।
सुरक्षा व्यवस्था को लेकर प्रशासन ने व्यापक इंतजाम किए थे। मौके पर एडिशनल पुलिस कमिश्नर शिव हरी मीणा, पुलिस उपायुक्त काशी गौरव बंसवाल सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे। इसके अलावा रैपिड रिस्पांस फोर्स, पीएसी और कई थानों की पुलिस को भी तैनात किया गया था।
प्रशासन का कहना है कि संबंधित संगठनों द्वारा प्रदर्शन के लिए पूर्व अनुमति नहीं ली गई थी, जिसके चलते उन्हें धरना देने की इजाजत नहीं दी गई। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि कानून-व्यवस्था बनाए रखना प्राथमिकता है और किसी भी प्रकार की अव्यवस्था को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। बताया जा रहा है कि एहतियातन नजरबंद किए गए लोगों को देर शाम तक रिहा कर दिया जाएगा।
