संपूर्ण भागीदारी आंदोलन का किया शंखनाद; SC-ST-OBC के बैकलॉग पद जल्द भरने और सामाजिक न्याय सुनिश्चित करने की मांग
वाराणसी (रणभेरी): सामाजिक न्याय, आरक्षण और वंचित वर्गों की भागीदारी से जुड़े मुद्दों को लेकर गुरुवार को वाराणसी में आजाद समाज पार्टी (कांशीराम) और भीम आर्मी के कार्यकर्ताओं ने जिला मुख्यालय पर प्रदर्शन किया। इस दौरान प्रशासनिक स्तर पर कथित मनमानी के खिलाफ आवाज उठाते हुए संपूर्ण भागीदारी आंदोलन की शुरुआत का ऐलान किया गया।
कार्यकर्ताओं ने राष्ट्रपति के नाम जिलाधिकारी के माध्यम से ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति, अन्य पिछड़ा वर्ग, महिलाओं और अन्य वंचित समुदायों के लिए सामाजिक न्याय, समान अवसर तथा पर्याप्त प्रतिनिधित्व सुनिश्चित करने की मांग की गई।
आरक्षित पदों को भरने पर जोर
प्रदर्शन के दौरान वक्ताओं ने कहा कि संविधान सभी नागरिकों को समानता और अवसर का अधिकार देता है। इसके बावजूद शिक्षा, सरकारी सेवाओं, राजनीति, प्रशासन, न्यायपालिका और विभिन्न निर्णय लेने वाली संस्थाओं में वंचित समुदायों की भागीदारी को लेकर लगातार सवाल उठते रहे हैं।
संगठन ने आरक्षण को सामाजिक और शैक्षणिक रूप से पिछड़े तथा पर्याप्त प्रतिनिधित्व से वंचित वर्गों को अवसर उपलब्ध कराने का संवैधानिक माध्यम बताया। साथ ही विभिन्न सरकारी विभागों में खाली पड़े आरक्षित पदों और बैकलॉग रिक्तियों को जल्द भरने की मांग की गई।
महिलाओं के लिए 50 प्रतिशत आरक्षण की मांग
आंदोलन में महिलाओं के प्रतिनिधित्व को भी प्रमुखता दी गई। प्रदर्शनकारियों ने स्थानीय निकायों में महिलाओं के लिए 50 प्रतिशत आरक्षण लागू करने की मांग रखी। इसके साथ ही नारी शक्ति वंदन अधिनियम-2023 के तहत दलित, आदिवासी और पिछड़े वर्ग की महिलाओं के लिए आरक्षण में ‘कोटे के भीतर कोटा’ सुनिश्चित करने की मांग उठाई गई।
कार्यकर्ताओं का कहना था कि आरक्षण का वास्तविक लाभ तभी व्यापक रूप से पहुंच सकेगा, जब निर्धारित वर्गों के लिए स्वीकृत पदों पर समयबद्ध तरीके से नियुक्तियां हों और प्रतिनिधित्व की व्यवस्था प्रभावी ढंग से लागू की जाए।
सरकार से ठोस कार्रवाई की मांग
ज्ञापन में सामाजिक न्याय और वंचित वर्गों की भागीदारी से जुड़े कई अन्य मुद्दों को भी शामिल किया गया। संगठन ने सरकार से आरक्षण व्यवस्था के प्रभावी क्रियान्वयन, लंबित आरक्षित पदों को भरने और विभिन्न क्षेत्रों में प्रतिनिधित्व सुनिश्चित करने के लिए आवश्यक कदम उठाने की मांग की। प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने अपनी मांगों के समर्थन में नारेबाजी की और कहा कि सामाजिक न्याय से जुड़े मुद्दों को लेकर आंदोलन आगे भी जारी रखा जाएगा।
