वाराणसी (रणभेरी) : पूर्वांचल की धार्मिक नगरी वाराणसी इन दिनों भीषण गर्मी और उमस से जूझ रही है। बुधवार सुबह से ही तेज धूप और गर्म हवाओं ने लोगों की दिनचर्या को प्रभावित कर दिया। सुबह के समय तापमान लगभग 38 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि मौसम विशेषज्ञों ने दोपहर तक इसके 43 डिग्री सेल्सियस के आसपास पहुंचने की संभावना व्यक्त की है। बढ़ती गर्मी के कारण सुबह से ही सड़कों पर सामान्य दिनों की तुलना में कम चहल-पहल देखने को मिली और लोग आवश्यक कार्य होने पर ही घरों से बाहर निकले।
मौसम विभाग के अनुसार शहर में हवा की रफ्तार लगभग 10 किलोमीटर प्रति घंटा बनी हुई है, लेकिन वातावरण में मौजूद करीब 50 प्रतिशत नमी के कारण लोगों को भारी उमस का सामना करना पड़ रहा है। तेज धूप और गर्म हवाओं के प्रभाव से दिन के समय बाहर निकलना मुश्किल हो गया है। दोपहर के समय सड़कें लगभग सुनसान दिखाई दे रही हैं और बाजारों में भी भीड़ कम नजर आ रही है।

अगले सप्ताह बारिश से मिल सकती है राहत
भीषण गर्मी के बीच मौसम विभाग ने राहत भरी संभावना भी जताई है। विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार 21 और 22 जून को तड़ित झंझावात की गतिविधियां सक्रिय हो सकती हैं, जिसके चलते कई क्षेत्रों में गरज-चमक के साथ बारिश होने के आसार हैं। हालांकि मौसम वैज्ञानिकों का मानना है कि यह राहत अधिक समय तक नहीं टिकेगी। अनुमान है कि 23 जून के बाद तापमान में एक बार फिर वृद्धि दर्ज की जा सकती है।
मौसम वैज्ञानिक प्रो. मनोज श्रीवास्तव का कहना है कि फिलहाल गर्मी का दौर जारी रहेगा। उन्होंने बताया कि क्षेत्र में मानसून की सक्रियता बढ़ने के बाद ही मौसम में व्यापक बदलाव देखने को मिलेगा। तब तक लोगों को तेज गर्मी और उमस का सामना करना पड़ सकता है।
छह दिनों में 7.6 डिग्री सेल्सियस बढ़ा तापमान
पिछले कुछ दिनों के आंकड़े देखें तो वाराणसी में तापमान तेजी से बढ़ा है। 11 जून को जहां अधिकतम तापमान 35.4 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया था, वहीं 16 जून तक यह बढ़कर 43 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया। इस प्रकार केवल छह दिनों के भीतर तापमान में 7.6 डिग्री सेल्सियस की बढ़ोतरी दर्ज की गई है।
तापमान में लगातार हो रही वृद्धि का असर जनजीवन पर साफ दिखाई दे रहा है। दोपहर के समय बाजारों और सार्वजनिक स्थानों पर लोगों की संख्या कम हो गई है। गर्मी से बचने के लिए लोग घरों और दफ्तरों में ही रहने को प्राथमिकता दे रहे हैं।

बिजली की मांग भी पहुंची उच्च स्तर पर
गर्मी बढ़ने के साथ ही बिजली की खपत में भी उल्लेखनीय वृद्धि दर्ज की गई है। वाराणसी मंडल में सोमवार को बिजली की अधिकतम मांग 2083 मेगावाट तक पहुंच गई, जिसे इस सीजन की प्रमुख पीक डिमांड में शामिल किया जा रहा है। बिजली विभाग के अधिकारियों के अनुसार लगातार बढ़ती मांग को देखते हुए विद्युत आपूर्ति व्यवस्था पर विशेष निगरानी रखी जा रही है ताकि उपभोक्ताओं को किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।
विशेषज्ञों का मानना है कि यदि आने वाले दिनों में तापमान इसी तरह ऊंचा बना रहा तो बिजली की मांग में और इजाफा हो सकता है। ऐसे में विभाग के सामने निर्बाध आपूर्ति बनाए रखना एक बड़ी चुनौती होगी।
स्वास्थ्य विशेषज्ञों की सलाह
डॉक्टरों ने लोगों को दोपहर के समय अनावश्यक रूप से घर से बाहर न निकलने की सलाह दी है। पर्याप्त मात्रा में पानी पीने, हल्के कपड़े पहनने और धूप से बचाव के उपाय अपनाने की भी अपील की गई है। बुजुर्गों, बच्चों और बीमार व्यक्तियों को विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी गई है क्योंकि अत्यधिक गर्मी और उमस स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव डाल सकती है।फिलहाल वाराणसीवासियों को मानसून के सक्रिय होने का इंतजार है, जिससे इस भीषण गर्मी से स्थायी राहत मिलने की उम्मीद की जा रही है।
