चितईपुर पुलिस और क्राइम टीम की संयुक्त कार्रवाई, सीसीटीवी और मुखबिर की सूचना से मिली सफलता
वाराणसी (रणभेरी): चितईपुर थाना पुलिस ने निर्माणाधीन और नए बने मकानों में विद्युत वायरिंग के तार चोरी करने वाले एक गिरोह का खुलासा करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के पास से चोरी किया गया करीब 72 किलोग्राम विद्युत तार, 710 रुपये नकद और वारदात में इस्तेमाल की गई स्कूटी बरामद की है। पुलिस के अनुसार, पकड़े गए आरोपी लंबे समय से चोरी की घटनाओं को अंजाम दे रहे थे।
पुलिस अधिकारियों के मुताबिक, क्षेत्र की गणेशधाम कॉलोनी और आर.के. पुरम कॉलोनी में बने और निर्माणाधीन मकानों से बिजली के तार चोरी होने की शिकायत मिली थी। इन घटनाओं के संबंध में मुकदमा दर्ज कर पुलिस ने जांच शुरू की। मामले की गंभीरता को देखते हुए चितईपुर थाना पुलिस और क्राइम टीम को जांच में लगाया गया।
जांच के दौरान पुलिस ने घटनास्थलों के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली। इसके साथ ही तकनीकी साक्ष्यों और मुखबिरों से मिली जानकारी के आधार पर संदिग्धों की तलाश शुरू की गई। इसी क्रम में पुलिस टीम को सूचना मिली कि चोरी की घटनाओं में शामिल कुछ लोग हाइडिल कॉलोनी क्षेत्र के पास मौजूद हैं। सूचना मिलते ही पुलिस ने घेराबंदी कर तीनों आरोपियों को पकड़ लिया।
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान गोपाल विश्वकर्मा निवासी वाराणसी (26), अर्जुन वर्मा (25) और विशाल चौहान (24) के रूप में हुई है। पुलिस ने जब आरोपियों से पूछताछ की तो उनकी निशानदेही पर चोरी किया गया विद्युत वायर बरामद किया गया।

बरामद तार में आर.के. पुरम कॉलोनी से चोरी किया गया लगभग 54 किलोग्राम वायर और गणेशधाम कॉलोनी से चोरी किया गया करीब 18 किलोग्राम वायर शामिल है। इसके अलावा पुलिस ने आरोपियों के पास से 710 रुपये नकद भी बरामद किए हैं।
पुलिस के अनुसार, चोरी की घटनाओं में इस्तेमाल की जा रही स्कूटी को भी कब्जे में लेकर मोटर वाहन अधिनियम के तहत कार्रवाई की गई है। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि आरोपियों ने शहर के अन्य इलाकों में भी इसी तरह की चोरी की घटनाओं को अंजाम दिया है या नहीं।
जांच में सामने आया है कि गिरफ्तार आरोपी गोपाल विश्वकर्मा के खिलाफ पहले से चोरी समेत अन्य आपराधिक मामलों में मुकदमे दर्ज हैं। पुलिस उसे पुराने आपराधिक रिकॉर्ड वाला आरोपी मानते हुए आगे की जांच कर रही है।
चितईपुर पुलिस का कहना है कि आरोपियों से पूछताछ जारी है। पुलिस चोरी के सामान को खरीदने वाले लोगों और गिरोह से जुड़े अन्य संभावित सदस्यों की जानकारी जुटा रही है, ताकि पूरे नेटवर्क का खुलासा किया जा सके।
