वाराणसी (रणभेरी): काशी के प्रसिद्ध कालभैरव मंदिर में दर्शन करने पहुंचे गुजरात के एक श्रद्धालु और उसके परिवार के साथ कथित मारपीट का मामला सामने आया है। पीड़ित की शिकायत पर कोतवाली थाने में अज्ञात लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। घटना के दौरान ड्यूटी पर मौजूद पुलिसकर्मियों की भूमिका पर भी सवाल उठे हैं। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है और मंदिर परिसर के सीसीटीवी फुटेज खंगाले जा रहे हैं।
दर्शन के दौरान हुआ विवाद
जानकारी के अनुसार गुजरात निवासी यश पटेल अपने माता-पिता और भाई के साथ वाराणसी दर्शन के लिए आए थे। रविवार सुबह पूरा परिवार कालभैरव मंदिर में दर्शन के लिए लाइन में लगा हुआ था। श्रद्धालुओं की भीड़ अधिक होने के कारण परिवार करीब एक घंटे तक कतार में खड़ा रहा।
पीड़ित का आरोप है कि जब उनकी माता गर्भगृह के भीतर प्रवेश कर गईं, उसी दौरान कुछ लोगों ने मुख्य प्रवेश मार्ग पर बैरिकेडिंग लगा दी और बाकी परिवार को आगे बढ़ने से रोक दिया। यश ने बताया कि उन्होंने संबंधित लोगों से अनुरोध किया कि उनकी मां अंदर जा चुकी हैं और परिवार को भी जाने दिया जाए, लेकिन उनकी बात सुनने के बजाय उनसे अभद्र व्यवहार किया गया।
विरोध करने पर मारपीट का आरोप
यश के मुताबिक जब उन्होंने इसका विरोध किया तो वहां मौजूद लोगों ने धक्का-मुक्की शुरू कर दी। आरोप है कि उनके पिता के साथ भी दुर्व्यवहार किया गया। स्थिति बिगड़ती देख यश ने मोबाइल फोन से वीडियो रिकॉर्डिंग शुरू कर दी, जिसके बाद मामला और बढ़ गया।
पीड़ित का कहना है कि रिकॉर्डिंग करते देख कुछ और लोग वहां पहुंच गए और उनके साथ मारपीट की गई। आरोप है कि एक व्यक्ति ने उनका गला दबाने की कोशिश की, जबकि दूसरे ने पैर पर हमला किया जिससे वह गिर पड़े। इस दौरान मंदिर परिसर में पुलिसकर्मी मौजूद थे, लेकिन उन्होंने हस्तक्षेप नहीं किया।
परिवार ने लगाई मदद की गुहार
पीड़ित परिवार का आरोप है कि उनके पिता ने मौके पर मौजूद पुलिस से सहायता मांगी, लेकिन किसी ने मदद नहीं की। वहीं शोर-शराबा सुनकर जब उनकी मां बाहर आने लगीं तो उनके साथ भी कथित अभद्रता की गई। घटना के बाद परिवार ने कोतवाली थाने पहुंचकर शिकायत दर्ज कराई।
पुलिस ने दर्ज किया मुकदमा
कोतवाली पुलिस ने पीड़ित की तहरीर के आधार पर भारतीय न्याय संहिता (BNS) की संबंधित धाराओं में अज्ञात व्यक्तियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर ली है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मंदिर परिसर में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज की जांच की जा रही है और आरोपियों की पहचान का प्रयास जारी है।
थाना प्रभारी ने बताया कि घटना के समय मौजूद पुलिसकर्मियों की भूमिका की भी जांच होगी। यदि लापरवाही सामने आती है तो संबंधित कर्मियों के खिलाफ विभागीय कार्रवाई की जाएगी।
मंदिर परिसर की सुरक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल
घटना के बाद मंदिर परिसर की सुरक्षा और भीड़ प्रबंधन को लेकर भी सवाल उठने लगे हैं। श्रद्धालुओं का कहना है कि त्योहारों और भीड़भाड़ वाले दिनों में मंदिरों में अतिरिक्त सुरक्षा और बेहतर व्यवस्था
