(रणभेरी): भारतीय महिला क्रिकेट टीम में मंगलवार को बड़ा बदलाव देखने को मिला। अनुभवी बल्लेबाज हरमनप्रीत कौर ने सभी फॉर्मेट में टीम की कप्तानी छोड़ने का फैसला किया है। उन्होंने सोशल मीडिया पर पोस्ट साझा कर अपने फैसले की जानकारी दी। माना जा रहा है कि अब टीम की कमान स्टार बल्लेबाज स्मृति मंधाना को सौंपी जा सकती है।
हरमनप्रीत का कप्तानी कार्यकाल भारतीय महिला क्रिकेट के कई ऐतिहासिक पड़ावों से जुड़ा रहा। उनकी अगुआई में भारत ने महिला वनडे वर्ल्ड कप का खिताब पहली बार अपने नाम किया। इसके साथ ही टीम ने उनके नेतृत्व में 2012, 2016, 2022 और 2026 में एशिया कप भी जीते। हालांकि 2012 एशिया कप के दौरान उन्होंने केवल फाइनल में कप्तानी की थी, जबकि टूर्नामेंट के अन्य मुकाबलों में मिताली राज टीम की कप्तान थीं।
कप्तानी छोड़ने के ऐलान में हरमनप्रीत ने अपने लंबे सफर को याद किया। उन्होंने कहा कि यह निर्णय उनके लिए आसान नहीं था। कप्तानी के दौरान मिले अनुभव, भावनाएं, चुनौतियां और टीम के साथ बिताए गए यादगार पल हमेशा उनके साथ रहेंगे।
वर्ल्ड कप में खेली थी ऐतिहासिक पारी
हरमनप्रीत के अंतरराष्ट्रीय करियर की सबसे चर्चित पारियों में 2017 वनडे वर्ल्ड कप सेमीफाइनल की पारी शामिल है। ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ उन्होंने नाबाद 171 रन बनाए थे। उनकी इस पारी को महिला क्रिकेट विश्व कप की सबसे यादगार पारियों में गिना जाता है।
इसके अलावा 2018 में न्यूजीलैंड के खिलाफ टी-20 अंतरराष्ट्रीय मुकाबले में शतक लगाकर उन्होंने एक और उपलब्धि हासिल की। वह टी-20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में शतक लगाने वाली पहली भारतीय महिला क्रिकेटर बनी थीं।
टी-20 क्रिकेट में भी बनाए कई रिकॉर्ड
हरमनप्रीत ने टी-20 क्रिकेट में भी कई बड़े रिकॉर्ड अपने नाम किए। वह 200 अंतरराष्ट्रीय टी-20 मुकाबले खेलने वाली दुनिया की पहली क्रिकेटर बनीं। सितंबर 2026 में उन्होंने 150 टी-20 अंतरराष्ट्रीय मैचों में कप्तानी करने वाली पहली क्रिकेटर बनकर भी इतिहास रचा।
फरवरी 2026 में वह महिला क्रिकेट में सर्वाधिक अंतरराष्ट्रीय मैच खेलने वाली खिलाड़ी बनी थीं। उस समय उनके नाम 382 अंतरराष्ट्रीय मुकाबले दर्ज थे।
लगातार दो एशियन गेम्स में भारत को दिलाया स्वर्ण
हरमनप्रीत की कप्तानी में भारतीय महिला टीम ने एशियन गेम्स में भी लगातार दो बार स्वर्ण पदक जीता। 2022 हांगझोउ एशियन गेम्स के फाइनल में भारत ने श्रीलंका को हराकर गोल्ड हासिल किया था। इसके बाद 2026 नागोया एशियन गेम्स में भी भारतीय टीम ने श्रीलंका को मात देकर स्वर्ण पदक पर कब्जा जमाया।

2009 में शुरू हुआ था अंतरराष्ट्रीय सफर
हरमनप्रीत कौर ने 2009 में पाकिस्तान के खिलाफ वनडे मुकाबले से अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में कदम रखा था। इसके बाद उन्होंने भारतीय टीम के लिए तीनों प्रारूपों में लंबा सफर तय किया। उनके नाम 8 टेस्ट, 164 वनडे और 210 टी-20 अंतरराष्ट्रीय मैच दर्ज हैं।
अर्जुन अवॉर्ड और पद्म श्री से सम्मानित
क्रिकेट में उल्लेखनीय योगदान के लिए हरमनप्रीत को 2017 में अर्जुन अवॉर्ड से सम्मानित किया गया था। वर्ष 2026 में उन्हें देश के चौथे सर्वोच्च नागरिक सम्मान पद्म श्री से भी नवाजा गया।
स्मृति मंधाना के नाम की चर्चा
हरमनप्रीत के कप्तानी पद से हटने के बाद अब सबसे ज्यादा चर्चा स्मृति मंधाना के नाम की है। स्मृति को पहले भी भारतीय महिला टीम की कप्तानी करने का अनुभव हासिल है। ऐसे में आगामी दौर में टीम की नेतृत्व जिम्मेदारी उन्हें मिलने की संभावना जताई जा रही है।
