घटिया सामग्री और सुस्त निर्माण पर दो संस्थाओं पर 7 लाख का जुर्माना
वाराणसी (रणभेरी): शहर में चल रही नगर निगम की विकास परियोजनाओं का रविवार को नगर आयुक्त हिमांशु नागपाल ने औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान कई निर्माण कार्यों में भारी लापरवाही, धीमी प्रगति और मानकों के विपरीत सामग्री का उपयोग सामने आने पर नगर आयुक्त ने कड़ा रुख अपनाया। उन्होंने दो कार्यदायी संस्थाओं पर कुल 7 लाख रुपये का जुर्माना लगाते हुए जांच के निर्देश भी जारी किए।
सीनियर केयर सेंटर में मिली अनियमितताएं
नगर आयुक्त सबसे पहले बड़ा लालपुर स्थित निर्माणाधीन सीनियर केयर सेंटर पहुंचे। यहां निर्माण कार्य निर्धारित समयसीमा की तुलना में काफी धीमा मिला। निरीक्षण के दौरान उन्होंने कार्य की गुणवत्ता की भी जांच कराई, जिसमें कई खामियां सामने आईं। निर्माण में इस्तेमाल की जा रही सामग्री तय मानकों के अनुरूप नहीं पाई गई।
कार्य की धीमी गति और गुणवत्ता में कमी को लेकर नगर आयुक्त ने नाराजगी जताई। उन्होंने तत्काल संबंधित कार्यदायी संस्था पर 5 लाख रुपये का जुर्माना लगाने के निर्देश दिए। साथ ही पूरे प्रकरण की विस्तृत जांच कराने को कहा, ताकि निर्माण कार्य में हुई लापरवाही की जिम्मेदारी तय की जा सके।
सारनाथ जोन कार्यालय निर्माण पर भी कार्रवाई
इसके बाद नगर आयुक्त पांडेयपुर-पंचक्रोशी मार्ग स्थित निर्माणाधीन सारनाथ जोन कार्यालय भवन का निरीक्षण करने पहुंचे। यहां निरीक्षण के दौरान पाया गया कि करीब छह महीने बीत जाने के बावजूद केवल बेसमेंट का कुछ हिस्सा ही तैयार हो सका है।
निरीक्षण में निर्माण सामग्री की गुणवत्ता भी खराब मिली। इस पर नगर आयुक्त ने अधिकारियों और कार्यदायी संस्था को फटकार लगाई। उन्होंने कहा कि इतनी लंबी अवधि के बाद भी निर्माण कार्य का इस स्थिति में होना गंभीर लापरवाही को दर्शाता है। मामले को गंभीर मानते हुए नगर आयुक्त ने संबंधित संस्था पर 2 लाख रुपये का जुर्माना लगाया तथा निर्माण सामग्री की जांच कराने के निर्देश दिए।
नालों की सफाई व्यवस्था का भी लिया जायजा
निरीक्षण के दौरान नगर आयुक्त ने ऐढ़े क्षेत्र में लगभग 4.5 किलोमीटर लंबे कच्चे नाले की सफाई व्यवस्था का भी निरीक्षण किया। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि भविष्य में इस नाले को पक्का बनाने के लिए शीघ्र प्रस्ताव तैयार कर प्रस्तुत किया जाए।
इसके अलावा पांडेयपुर-पंचकोशी मार्ग पर स्थित नरोखर नाला और पाल बस्ती नाले का भी निरीक्षण किया गया। नगर आयुक्त ने साफ शब्दों में कहा कि मानसून शुरू होने से पहले सभी नालों की पूरी गहराई तक सफाई सुनिश्चित की जाए। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि सिल्ट और जमा कीचड़ हटाने का कार्य समय से पूरा हो, ताकि बरसात के दौरान जलभराव की समस्या न उत्पन्न हो।
लापरवाही पर सख्ती जारी रहेगी
नगर आयुक्त ने स्पष्ट किया कि नगर निगम की परियोजनाओं में किसी भी प्रकार की लापरवाही, घटिया निर्माण सामग्री या कार्य में देरी को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा कि शहर के विकास कार्यों की नियमित निगरानी जारी रहेगी और दोषी पाए जाने वालों पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
