वाराणसी (रणभेरी): बागेश्वर धाम के पीठाधीश्वर पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद के समर्थन में खुलकर बयान दिया है। उन्होंने कहा कि जो संत गो माता, गीता और सनातन की रक्षा की बात करते हैं, वह उनके साथ खड़े हैं।
शुक्रवार को अपनी मां के साथ काशी पहुंचे धीरेंद्र शास्त्री ने बाबा विश्वनाथ के दर्शन किए। इस दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालु उनसे मिलने पहुंचे और कई लोगों ने उनके साथ सेल्फी भी ली।
उन्होंने कहा कि शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद ने गो माता का मुद्दा उठाया है और पूरे देश में गो रक्षा को लेकर अभियान चल रहा है। “हम गो सेवक हैं, इसलिए उनका नैतिक रूप से समर्थन करते हैं। हालांकि लखनऊ में होने वाली सभा के लिए हमें कोई निमंत्रण नहीं मिला है,” उन्होंने कहा।
दरअसल, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से टकराव के बीच शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद 11 मार्च को लखनऊ में गो, गंगा और सनातन की रक्षा को लेकर सभा करने की घोषणा कर चुके हैं, लेकिन अभी तक उन्हें प्रशासन से अनुमति नहीं मिली है।
उधर, काशी में मौजूद उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य से जब पत्रकारों ने पूछा कि क्या शंकराचार्य को सभा की अनुमति मिलेगी, तो उन्होंने कहा कि परमिशन देना उनका काम नहीं है। इसके बाद उन्होंने इस मुद्दे पर कोई टिप्पणी नहीं की।

सकारात्मक जीवन जीने का दिया संदेश
काशी प्रवास के दौरान धीरेंद्र शास्त्री ने अपने प्रशंसकों से भी बातचीत की और उन्हें धर्म, आस्था और सकारात्मक जीवन जीने का संदेश दिया। उन्होंने कहा कि काशी आना हमेशा उनके लिए विशेष अनुभव होता है, क्योंकि यह भगवान शिव की नगरी है और यहां की आध्यात्मिक ऊर्जा पूरे देश को प्रेरित करती है।
उन्होंने भारतीय क्रिकेट टीम के फाइनल में पहुंचने पर खिलाड़ियों को बधाई दी और विश्वास जताया कि टीम निश्चित रूप से जीत हासिल कर देश का नाम रोशन करेगी।
भारत से निकलेगा शांति का रास्ता
धीरेंद्र शास्त्री ने कहा कि भारत की सनातन विचारधारा में पूरे विश्व को शांति का मार्ग दिखाने की क्षमता है। सनातन संस्कृति में ऐसी ताकत है जो दुनिया में संतुलन और शांति स्थापित कर सकती है।
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प पर टिप्पणी करते हुए उन्होंने कहा कि वह भरोसेमंद नहीं हैं। “वह शाम को कुछ और बोलते हैं और सुबह कुछ और। ऐसे इंसान पर भरोसा नहीं किया जा सकता। टैरिफ वॉर शुरू करके उन्होंने अपने अधिकारों का गलत इस्तेमाल किया है, जिससे दुनिया में अशांति फैल रही है,” उन्होंने कहा।

एक महीने के लिए एकांतवास पर जाएंगे
पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने बताया कि वह एक महीने के लिए सार्वजनिक संपर्क से दूर रहेंगे। इस दौरान वह साधना करेंगे और मई में बद्रीनाथ के बर्फीले पहाड़ों पर तपस्या करेंगे।
उन्होंने कहा कि इस दौरान वह मोबाइल, टीवी, इंटरव्यू और कथा जैसे सभी सार्वजनिक कार्यक्रमों से दूर रहेंगे। उनका उद्देश्य साधना के बाद नई ऊर्जा और नए विचारों के साथ लौटना है।
मार्च में तय हैं कई कार्यक्रम
साधना पर जाने से पहले धीरेंद्र शास्त्री के कई कार्यक्रम निर्धारित हैं। वह 13 मार्च तक बागेश्वर धाम में रहेंगे। 7 मार्च को प्रेतराज सरकार का दरबार, 8 और 9 मार्च को दीक्षा समारोह, 10 मार्च को मंगलवार दरबार, 11 और 12 मार्च को परिवार से मुलाकात और 12 मार्च की रात हवन का आयोजन होगा।
इसके बाद 14 से 16 मार्च तक वह मुंबई के सनातन मठ में दिव्य दरबार लगाएंगे। वहीं 17 से 27 मार्च तक नवरात्रि साधना में लीन रहेंगे। इसके बाद मई में बद्रीनाथ की यात्रा कर साधना करेंगे।
