(रणभेरी): थाईलैंड के फुकेट से दिल्ली आ रही एअर इंडिया की फ्लाइट AI2379 मंगलवार को अचानक तेज हवा के झटकों (टर्बुलेंस) की चपेट में आ गई। उड़ान के दौरान विमान को जोरदार झटके लगे और कुछ समय के लिए विमान करीब 300 फीट नीचे चला गया। हालांकि, पायलट ने सूझबूझ दिखाते हुए स्थिति पर नियंत्रण बनाए रखा और विमान को सुरक्षित रूप से दिल्ली एयरपोर्ट पर उतार लिया।
फ्लाइट में कुल 142 लोग सवार थे, जिनमें 134 यात्री और 8 क्रू सदस्य शामिल थे। घटना के बाद सामने आई जानकारी के अनुसार, 15 लोग घायल हुए हैं। इनमें 11 यात्री और 4 क्रू सदस्य शामिल हैं। कुछ घायलों को एयरपोर्ट के मेडिकल सेंटर में प्राथमिक उपचार दिया गया, जबकि 7 लोगों को इलाज के लिए फोर्टिस अस्पताल भेजा गया।
नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (DGCA) ने मामले की जांच शुरू कर दी है। DGCA अधिकारियों के मुताबिक, घटना से जुड़ी सभी परिस्थितियों की जांच की जा रही है, जिसमें मौसम की स्थिति और विमान संचालन से जुड़े पहलुओं को देखा जाएगा।

यात्रियों ने बताया डरावना अनुभव
विमान में मौजूद एक यात्री ने बताया कि उड़ान भरने के करीब डेढ़ घंटे बाद विमान में तेज झटके महसूस होने लगे। उस समय सुबह का वक्त था और कई यात्री अपनी सीटों पर आराम कर रहे थे। अचानक विमान तेजी से हिलने लगा और कुछ मिनटों तक स्थिति बेहद डरावनी बनी रही।
यात्री के अनुसार, कुछ लोगों को गंभीर चोटें आईं, जबकि ज्यादातर यात्रियों को मामूली चोटें लगीं। उन्होंने बताया कि झटकों के दौरान विमान के अंदर अफरा-तफरी का माहौल बन गया था।
घटना के बाद सामने आई तस्वीरों में विमान के अंदर की छत के कुछ हिस्सों में नुकसान दिखाई दिया। कुछ पैनल टूटे हुए या दरार वाले नजर आए।

क्या होता है टर्बुलेंस?
विशेषज्ञों के अनुसार, टर्बुलेंस उस स्थिति को कहते हैं जब हवा की गति और दिशा में अचानक बदलाव आता है। इसके कारण विमान को ऊपर-नीचे या एक तरफ से दूसरी तरफ तेज झटके महसूस हो सकते हैं।
कई बार ऐसे झटकों के दौरान यात्रियों को लगता है कि विमान तेजी से नीचे गिर रहा है, लेकिन वास्तव में विमान हवा के दबाव में कुछ समय के लिए अपनी ऊंचाई में बदलाव कर सकता है। अधिकतर टर्बुलेंस की घटनाएं सामान्य होती हैं और पायलट इन्हें संभालने के लिए प्रशिक्षित होते हैं।
एअर इंडिया ने दी जानकारी
घटना के बाद एअर इंडिया की ओर से बताया गया कि विमान सुरक्षित रूप से दिल्ली पहुंच गया और सभी यात्रियों तथा क्रू की सुरक्षा सुनिश्चित की गई। एयरलाइन ने कहा कि घायल यात्रियों को आवश्यक चिकित्सा सहायता उपलब्ध कराई गई। DGCA अब पूरे मामले की विस्तृत जांच कर रहा है, ताकि यह पता लगाया जा सके कि टर्बुलेंस की स्थिति कितनी गंभीर थी और विमान में नुकसान किन कारणों से हुआ।
