(रणभेरी): जबलपुर के बरगी डैम में गुरुवार शाम करीब 5 बजे एक बड़ा हादसा हो गया। पर्यटन विभाग का एक क्रूज अचानक मौसम बिगड़ने और तेज हवाओं के चलते संतुलन खो बैठा और पानी में पलट गया। इस दुर्घटना में अब तक 9 लोगों के शव बरामद किए जा चुके हैं, जबकि कई लोगों की तलाश जारी है।
जानकारी के अनुसार, हादसे के समय क्रूज में लगभग 43 से 47 पर्यटक सवार थे, हालांकि आधिकारिक तौर पर केवल 29 टिकट जारी किए गए थे। घटना किनारे से लगभग 300 मीटर दूर हुई, जब अचानक हवा की रफ्तार करीब 74 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच गई, जिससे क्रूज अनियंत्रित होकर डूब गया।

प्रशासन और SDRF की टीमों ने तुरंत राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया। अब तक 28 लोगों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया है, जबकि तीन बच्चों सहित चार लोग अभी भी लापता बताए जा रहे हैं। अंधेरा और खराब मौसम की वजह से रेस्क्यू ऑपरेशन में लगातार दिक्कतें आ रही हैं।

इस हादसे पर देश के प्रधानमंत्री ने गहरा दुख व्यक्त करते हुए मृतकों के परिजनों को प्रधानमंत्री राहत कोष से दो-दो लाख रुपये और घायलों को 50 हजार रुपये की सहायता राशि देने की घोषणा की है। वहीं मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री ने मामले की उच्च स्तरीय जांच के आदेश दिए हैं और वे स्वयं स्थिति का जायजा लेने के लिए जबलपुर पहुंच सकते हैं।
घटना में दिल्ली से घूमने आए एक परिवार की मरीना मैसी और उनके चार वर्षीय बेटे त्रिशान की मौत की पुष्टि हुई है। बचाव दल को दोनों के शव इस अवस्था में मिले कि मां ने बच्चे को अपनी बाहों में कसकर पकड़ा हुआ था। परिवार के अन्य सदस्य किसी तरह अपनी जान बचाने में सफल रहे।

क्रूज के पायलट ने बताया कि मौसम अचानक बेहद खराब हो गया था और तेज हवाओं के कारण नियंत्रण बनाए रखना संभव नहीं रहा। उनके अनुसार सुरक्षा उपकरण मौजूद थे, लेकिन स्थिति इतनी तेजी से बिगड़ी कि संभलने का मौका नहीं मिला।
इधर, खमरिया ऑर्डिनेंस फैक्ट्री में कार्यरत एक कर्मचारी कामराज आर्य अपने परिवार के करीब 15 सदस्यों के साथ यात्रा पर थे। इस हादसे में उनका एक बेटा बचा लिया गया है, जबकि कामराज, उनकी पत्नी और एक अन्य बच्चा अभी लापता हैं।
पर्यटन विभाग के अनुसार, डूबा हुआ क्रूज वर्ष 2006 में बनाया गया था और इसकी क्षमता लगभग 60 यात्रियों की थी। विभाग ने यह भी बताया कि क्षेत्र में एक अन्य क्रूज तकनीकी खराबी के कारण पहले से बंद है। फिलहाल प्रशासन की टीमें राहत एवं बचाव कार्य में जुटी हुई हैं और लापता लोगों की तलाश लगातार जारी है।
9 लोगों के शव मिले, इनमें एक बच्चा और 8 महिलाएं
- श्रीमती नीतू सोनी (43), निवासी कोतवाली, जबलपुर
- श्रीमती सौभाग्यम अलागन (42), निवासी अन्नानगर, वेस्ट तारापुरम, तमिलनाडु
- श्रीमती मधुर मैसी (62), निवासी खाजन बस्ती, नई दिल्ली
- श्रीमती काकुलाझी पति/पिता कामराज (38), निवासी वेस्ट लैंड खमरिया, जबलपुर
- श्रीमती रेशमा सैयद (66), निवासी सिविल लाइन, भसीन आर्केड, जैक्सन होटल के पास
- शमीम नकवी (68), निवासी डेरखी, भोपाल
- मरीना मैसी पति प्रदीप मैसी (39), निवासी दिल्ली
- त्रिशान पिता प्रदीप मैसी (4), निवासी दिल्ली
- श्रीमती ज्योति सेन, निवासी फूटाताल,घमापुर के आगे, जबलपुर
तीन बच्चे समेत 4 लोग अब भी लापता
- श्रीतमिल पिता कामराज (5)
- कामराज पिता श्रीरामालिंगम
- विराज सोनी पिता श्री कृष्णा सोनी (6)
- मयूरम पिता श्री परिमल (9)
