रिंग रोड पर खड़ी करती थीं स्कार्पियो, अलग-अलग ऑटो से शहर में होती थीं दाखिल; साथी ड्राइवर समेत चार गिरफ्तार
वाराणसी (रणभेरी): वाराणसी में ऑटो के भीतर यात्रियों को बातचीत में उलझाकर टप्पेबाजी और चेन चोरी करने वाले गिरोह का लालपुर-पांडेयपुर पुलिस ने खुलासा किया है। पुलिस ने गिरोह से जुड़ी तीन महिलाओं समेत चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पकड़ी गई तीनों महिलाएं गोरखपुर की रहने वाली हैं, जबकि उनका एक पुरुष साथी भी पुलिस के हत्थे चढ़ा है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से वारदात में इस्तेमाल की जा रही स्कार्पियो भी बरामद की है।
पुलिस की जांच में सामने आया कि आरोपी गोरखपुर से स्कार्पियो के जरिए वाराणसी आते थे। शहर की सीमा में पहुंचने के बाद स्कार्पियो को रिंग रोड के आसपास खड़ा कर दिया जाता था। इसके बाद महिलाएं अलग-अलग ऑटो में सवार होकर शहर में प्रवेश करती थीं। ऑटो में सफर करने के दौरान वे यात्रियों से बातचीत शुरू कर उन्हें अपनी बातों में उलझाती थीं। मौका मिलते ही उनके गले से सोने की चेन या अन्य कीमती सामान पर हाथ साफ कर देती थीं। वारदात के बाद महिलाएं वापस ऑटो के जरिए रिंग रोड पहुंचतीं और स्कार्पियो से गोरखपुर लौट जाती थीं।
महिला की शिकायत के बाद शुरू हुई जांच
मामले का खुलासा एक महिला की शिकायत के बाद हुआ। पुलिस के अनुसार, 9 सितंबर को एक महिला ने लालपुर-पांडेयपुर थाने में मुकदमा दर्ज कराया था। उसने बताया था कि वह ऑटो से यात्रा कर रही थी। इसी दौरान ऑटो में उसके साथ बैठी कुछ महिलाओं ने बातचीत में उसे उलझाए रखा। इसी दौरान उसकी सोने की चेन निकाल ली गई।
शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने मामले की जांच शुरू की। घटनास्थल और संभावित रास्तों पर लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली गई। फुटेज के आधार पर पुलिस ने संबंधित ऑटो की पहचान की और उसके चालक से संपर्क किया। पुलिस ने चालक को संदिग्ध महिलाओं के दोबारा दिखाई देने पर तत्काल सूचना देने के लिए कहा था।
ऑटो चालक की सूचना पर घेराबंदी
पुलिस के अनुसार, 16 सितंबर की सुबह लालपुर-पांडेयपुर थाने की पुलिस को ऑटो चालक से सूचना मिली कि पूर्व में संदिग्ध नजर आईं महिलाएं आजमगढ़ रोड स्थित ऑटो स्टैंड पर मौजूद हैं। सूचना मिलते ही पुलिस टीम सक्रिय हुई और मौके पर पहुंचकर घेराबंदी की।
पुलिस ने मौके से तीन महिलाओं को पकड़ लिया। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान सीमा निवासी करवनिया, थाना बड़हलगंज, गोरखपुर, पिंकी निवासी सोहराबाद, थाना रौनापार, आजमगढ़ और कुसुम निवासी करवनिया, थाना बड़हलगंज, गोरखपुर के रूप में हुई। पूछताछ के दौरान पुलिस को गिरोह के काम करने के तरीके और उसके अन्य सदस्य के बारे में जानकारी मिली।
रिंग रोड पर खड़ी करते थे स्कार्पियो
डीसीपी वरुणा प्रमोद कुमार के अनुसार, पूछताछ में महिलाओं ने बताया कि वे बैजनाथ निवासी फरसार, थाना बड़हलगंज, गोरखपुर के साथ स्कार्पियो से वाराणसी आती थीं। शहर में सीधे वाहन ले जाने के बजाय स्कार्पियो को रिंग रोड पर खड़ा किया जाता था। इसके बाद तीनों महिलाएं अलग-अलग ऑटो पकड़कर शहर के भीतर जाती थीं।
ऑटो में यात्रियों को बातचीत में फंसाना और इसी दौरान चेन या सामान चोरी करना उनका तरीका बताया गया है। वारदात के बाद वे दोबारा ऑटो से रिंग रोड पहुंचती थीं। वहां उनका साथी बैजनाथ स्कार्पियो लेकर मौजूद रहता था। इसके बाद सभी वापस गोरखपुर चले जाते थे।
महिलाओं से मिली जानकारी के आधार पर पुलिस ने रिंग रोड पर छापेमारी कर बैजनाथ को भी गिरफ्तार कर लिया। उसके पास से गिरोह में इस्तेमाल की जा रही स्कार्पियो बरामद की गई है।
तीनों महिलाओं पर पहले से दर्ज हैं मुकदमे
पुलिस जांच में यह भी सामने आया कि गिरफ्तार तीनों महिलाओं के खिलाफ पहले से आपराधिक मामले दर्ज हैं। पुलिस के मुताबिक सीमा के खिलाफ जौनपुर, आजमगढ़ और वाराणसी में कुल चार मुकदमे दर्ज हैं।
वहीं पिंकी के खिलाफ जौनपुर और वाराणसी में तीन मुकदमे दर्ज बताए गए हैं। कुसुम के खिलाफ आजमगढ़, जौनपुर और वाराणसी में कुल चार मुकदमे दर्ज हैं।

पुलिस अब गिरफ्तार आरोपियों से गिरोह की अन्य गतिविधियों और पूर्व में की गई वारदातों के संबंध में पूछताछ कर रही है। पुलिस का कहना है कि गिरोह के सदस्यों द्वारा वाराणसी के अलावा आसपास के जिलों में भी इसी तरह की घटनाओं को अंजाम दिए जाने की जानकारी जुटाई जा रही है।
पुलिस ने आरोपियों को भेजा जेल
कार्रवाई के बाद पुलिस ने चारों आरोपियों के खिलाफ संबंधित धाराओं में कार्रवाई की। पूछताछ और आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद सभी आरोपियों को न्यायालय के समक्ष पेश किया गया, जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया।
