वाराणसी (रणभेरी): रोहनिया थाना क्षेत्र में तीन दिन से लापता 24 वर्षीय एमएससी छात्रा का शव बच्छांव स्थित एक किराए के कमरे के बाथरूम से मिलने के बाद इलाके में सनसनी फैल गई। छात्रा की तलाश कर रहे परिजन जब उसके प्रेमी के कमरे तक पहुंचे और दरवाजा खोला, तो अंदर से तेज दुर्गंध आई। जांच करने पर बाथरूम में छात्रा का शव पड़ा मिला। सूचना के बाद पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया। फॉरेंसिक टीम ने घटनास्थल से जरूरी साक्ष्य जुटाए हैं। पुलिस छात्रा के प्रेमी की तलाश कर रही है।
मृतका की पहचान राजातालाब क्षेत्र के मरुई-जमुनी गांव निवासी श्रेया उपाध्याय के रूप में हुई है। श्रेया सुनील उपाध्याय की इकलौती बेटी थी और जगतपुर पीजी कॉलेज में एमएससी प्रथम वर्ष की पढ़ाई कर रही थी। परिजनों के अनुसार, वह 17 अगस्त को कॉलेज जाने के लिए घर से निकली थी, लेकिन शाम तक वापस नहीं लौटी। इसके बाद परिवार ने रिश्तेदारों और परिचितों के यहां तलाश शुरू की। जब काफी प्रयास के बाद भी कोई जानकारी नहीं मिली तो थाने में उसकी गुमशुदगी की शिकायत दर्ज कराई गई।

मोबाइल लोकेशन से बच्छांव तक पहुंची पुलिस
परिजनों के मुताबिक, शिकायत के बाद पुलिस ने छात्रा के मोबाइल नंबर को सर्विलांस पर लगाया। मोबाइल की लोकेशन बच्छांव क्षेत्र में मालवीय इंटर कॉलेज के आसपास मिली। इसके आधार पर पुलिस वहां पहुंची। जिस कमरे की ओर लोकेशन मिल रही थी, वह बंद मिला और बाहर ताला लगा था। आरोप है कि पुलिस कमरे का ताला नहीं खुलवा सकी और वापस लौट गई।
इसी बीच परिवार लगातार श्रेया की तलाश करता रहा। जांच के दौरान पुलिस के सामने उसके परिचित और प्रेमी विवेक चौबे का नाम भी आया। विवेक चोलापुर क्षेत्र के नियार गांव का रहने वाला बताया जा रहा है और उसका बच्छांव में किराए का कमरा था।

प्रेम संबंध की बात सामने आई
पुलिस की शुरुआती जानकारी के अनुसार, श्रेया और विवेक की मुलाकात उसके ननिहाल जमुनी गांव में आने-जाने के दौरान हुई थी। परिचय बढ़ने के साथ दोनों के बीच दोस्ती हुई और बाद में प्रेम संबंध होने की बात सामने आई। बताया जा रहा है कि विवेक अक्सर बच्छांव स्थित किराए के कमरे में रहता था और श्रेया भी उससे मिलने वहां आती थी। परिजनों को जब विवेक के बारे में जानकारी मिली तो उन्होंने उसके रिश्तेदारों से भी संपर्क किया। इस दौरान यह पता चला कि विवेक खुद भी लापता है, जिससे परिवार को संदेह और गहरा गया।
बैग से मिली कमरे की चाबी
20 अगस्त को श्रेया की मां और उसका चचेरा भाई विवेक के मामा के घर मिर्जापुर के सीखड़ गांव पहुंचे। वहां विवेक के बारे में जानकारी जुटाई गई। इसी दौरान विवेक का एक बैग मिला। बैग की तलाशी में बच्छांव स्थित कमरे की चाबी मिली।
चाबी मिलने के बाद श्रेया की मां और परिजन बच्छांव पहुंचे। कमरे के बाहर लगा ताला उसी चाबी से खोला गया। दरवाजा खुलते ही अंदर से बेहद तेज दुर्गंध आने लगी। परिजन कमरे के भीतर गए तो बाथरूम में श्रेया का शव पड़ा दिखाई दिया। शव की हालत खराब हो चुकी थी।
सूचना मिलते ही पहुंची पुलिस और फॉरेंसिक टीम
शव मिलने की सूचना तुरंत पुलिस को दी गई। पुलिस टीम मौके पर पहुंची और घटनास्थल को सुरक्षित करते हुए शव को कब्जे में लिया। बाद में उसे पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया गया। फॉरेंसिक विशेषज्ञों ने भी कमरे और बाथरूम की जांच की तथा वहां से संभावित साक्ष्य एकत्र किए। पुलिस अब पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट और फॉरेंसिक जांच के आधार पर मौत की वजह स्पष्ट करने में जुटी है। साथ ही यह भी पता लगाया जा रहा है कि छात्रा की मौत कब और किन परिस्थितियों में हुई।
प्रेमी की तलाश में जुटी पुलिस
पुलिस के अनुसार, घटना के बाद से विवेक चौबे फरार है। उसकी तलाश के लिए संभावित ठिकानों पर दबिश दी जा रही है। पुलिस उसके रिश्तेदारों और परिचितों से भी जानकारी जुटा रही है। ACP आलोक प्रियदर्शी ने बताया कि छात्रा के शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा गया है। परिजनों की शिकायत के आधार पर मुकदमा दर्ज कर लिया गया है और मामले की जांच की जा रही है। छात्रा के प्रेमी की तलाश जारी है।
फिलहाल पुलिस पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट, फॉरेंसिक साक्ष्यों, मोबाइल लोकेशन और घटनास्थल से मिले अन्य तथ्यों को जोड़कर पूरे मामले की कड़ियां तलाश रही है। छात्रा की मौत हत्या है या किसी अन्य परिस्थिति में हुई, इसका स्पष्ट खुलासा जांच पूरी होने और पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट आने के बाद ही हो सकेगा।
