वाराणसी (रणभेरी): महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ में शुक्रवार को सेमेस्टर परीक्षा के अंतिम दिन उस समय हंगामे की स्थिति बन गई, जब स्नातक अंतिम वर्ष की कुछ छात्राओं के बीच विवाद देखते ही देखते मारपीट में बदल गया। कैंपस में हुई इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। बताया जा रहा है कि विवाद इंस्टाग्राम फॉलोवर्स, कमेंटबाजी और आपसी रंजिश को लेकर शुरू हुआ था।
जानकारी के अनुसार परीक्षा समाप्त होने के बाद मानविकी संकाय के बाहर छात्र-छात्राओं का समूह मौजूद था। इसी दौरान एक छात्रा, जो सोशल मीडिया पर इंफ्लुएंसर के रूप में जानी जाती है, का दूसरी छात्राओं से विवाद हो गया। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक पहले दोनों पक्षों के बीच कहासुनी हुई, लेकिन कुछ ही देर में मामला हाथापाई तक पहुंच गया।
आरोप है कि तीन छात्राओं ने मिलकर इंफ्लुएंसर छात्रा को दौड़ाकर पीटा। उसे पीछे से पकड़कर जमीन पर गिरा दिया गया और बाल खींचते हुए कई बार थप्पड़ और घूंसे मारे गए। घटना के दौरान आसपास मौजूद छात्र-छात्राएं पहले तो पीछे हट गए और कई लोग मोबाइल फोन से वीडियो बनाते नजर आए। बीच-बचाव करने पहुंची एक अन्य छात्रा को भी धक्का और थप्पड़ लगने की बात सामने आई है।

करीब तीन मिनट तक कैंपस में अफरा-तफरी का माहौल बना रहा। बाद में सुरक्षाकर्मियों और कुछ छात्राओं ने हस्तक्षेप कर दोनों पक्षों को अलग कराया। घटना की जानकारी मिलते ही विश्वविद्यालय प्रशासन सक्रिय हुआ और मारपीट में शामिल छात्राओं को नोटिस जारी कर जवाब मांगा गया।
इधर, पीड़ित छात्रा ने सिगरा थाने पहुंचकर आरोपी छात्राओं के खिलाफ लिखित शिकायत दी है। उसने अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर वीडियो साझा कर पूरे घटनाक्रम की जानकारी भी दी। छात्रा का कहना है कि उसे लंबे समय से सोशल मीडिया पर परेशान किया जा रहा था और कुछ छात्राएं उसकी पोस्ट व रील्स पर लगातार आपत्तिजनक टिप्पणियां करती थीं।
पीड़िता ने आरोप लगाया कि परीक्षा के बाद जब वह क्लासरूम से बाहर निकली तो कुछ छात्राओं ने उसे देखकर अभद्र टिप्पणी की। इसके बाद बहस शुरू हो गई। छात्रा के अनुसार विवाद के दौरान उसने भी एक छात्रा पर टिप्पणी कर दी, जिसके बाद मामला हिंसक हो गया और पीछे से हमला किया गया।
दूसरी ओर, दूसरे पक्ष की छात्राओं का आरोप है कि इंफ्लुएंसर छात्रा फर्जी आईडी के जरिए सोशल मीडिया पर कमेंट करवाती थी और उसी बात को लेकर पहले से तनाव चल रहा था। दोनों पक्षों के बीच लंबे समय से सोशल मीडिया को लेकर विवाद होने की चर्चा भी सामने आ रही है।
घटना पर सिगरा थाना पुलिस का कहना है कि प्रारंभिक जांच में मामला छात्राओं के बीच आपसी विवाद और कहासुनी का प्रतीत हो रहा है। पुलिस के अनुसार दोनों पक्षों में हाथापाई हुई थी। विश्वविद्यालय प्रशासन से बातचीत कर मामले की जानकारी ली गई है। पुलिस ने बताया कि शिकायत के आधार पर जांच की जा रही है और जांच के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।
कैंपस में छात्राओं के बीच इस तरह की मारपीट पहली बार चर्चा का विषय बनी हुई है। सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो को लेकर भी छात्र-छात्राओं के बीच दिनभर चर्चा होती रही। विश्वविद्यालय प्रशासन ने अनुशासन बनाए रखने की अपील करते हुए कहा है कि मामले की गंभीरता से जांच की जाएगी और दोषी पाए जाने वालों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई होगी।
