(रणभेरी): आजमगढ़ जिले के पवई थाना क्षेत्र में गुरुवार देर रात एक दिल दहला देने वाली वारदात सामने आई। अज्ञात हमलावरों ने एक बुजुर्ग किसान और उनके मासूम पोते की धारदार हथियार से हत्या कर दी। घटना के बाद पूरे गांव में दहशत और शोक का माहौल है। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू कर दी है। डॉग स्क्वायड और फॉरेंसिक टीम ने घटनास्थल से महत्वपूर्ण साक्ष्य एकत्र किए हैं। परिजनों द्वारा परिवार के ही कुछ लोगों पर संदेह जताया गया है, जिसके आधार पर पुलिस ने आरोपियों की तलाश तेज कर दी है।
रात में सोते समय की गई वारदात
जानकारी के अनुसार, हेवती डिहवा गांव निवासी 71 वर्षीय किसान जगदंबा प्रसाद यादव गुरुवार रात भोजन करने के बाद रोज की तरह अपने घर से कुछ दूरी पर स्थित ट्यूबवेल पर सोने चले गए थे। वहीं उनका पोता अंकित घर के अंदर अपने कमरे में सो रहा था।

रात लगभग दो बजे के आसपास घर में किसी प्रकार की खड़खड़ाहट सुनाई दी। आवाज सुनकर अंकित की दादी की नींद खुल गई। जब वह पोते के कमरे में पहुंचीं तो वहां का दृश्य देखकर उनके होश उड़ गए। अंकित खून से लथपथ फर्श पर पड़ा था और उसकी मौके पर ही मौत हो चुकी थी।
पोते की हत्या के बाद दादा की तलाश में पहुंचे परिजन
पोते का शव देखकर परिवार में चीख-पुकार मच गई। घर के अन्य सदस्य और आसपास के ग्रामीण भी मौके पर पहुंच गए। इसी दौरान परिजनों को दादा जगदंबा प्रसाद की चिंता हुई। वे तुरंत ट्यूबवेल की ओर दौड़े।

बताया जा रहा है कि ट्यूबवेल से लगभग 300 मीटर दूर जगदंबा प्रसाद का शव पड़ा मिला। उनके शरीर पर भी धारदार हथियार से किए गए कई गंभीर वार के निशान थे। घटनास्थल से करीब 200 मीटर दूरी पर हत्या में प्रयुक्त होने की आशंका वाली एक कुल्हाड़ी भी बरामद हुई, जिसे पुलिस ने कब्जे में लेकर जांच के लिए भेज दिया।
सूचना मिलते ही हरकत में आया पुलिस प्रशासन
घटना की जानकारी मिलते ही स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंची। इसके बाद वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. अनिल कुमार तथा पुलिस अधीक्षक (ग्रामीण) चिराग जैन भी घटनास्थल पर पहुंचे। अधिकारियों ने घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण किया और जांच के लिए डॉग स्क्वायड एवं फॉरेंसिक टीम को बुलाया।
फॉरेंसिक विशेषज्ञों ने घटनास्थल से रक्त के नमूने, अन्य भौतिक साक्ष्य तथा संभावित सुराग एकत्र किए। डॉग स्क्वायड की सहायता से भी घटनास्थल के आसपास जांच की गई ताकि आरोपियों तक पहुंचने में मदद मिल सके।
परिजनों ने जताया परिवार के लोगों पर शक
प्रारंभिक जांच के दौरान मृतकों के परिजनों ने नाती और पाटीदार पक्ष के कुछ लोगों पर हत्या का संदेह व्यक्त किया है। पुलिस ने इस सूचना को गंभीरता से लेते हुए संभावित आरोपियों की तलाश शुरू कर दी है। कई पुलिस टीमों का गठन किया गया है, जो संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही हैं।
हालांकि, पुलिस का कहना है कि जांच पूरी होने और आरोपियों से पूछताछ के बाद ही हत्या के पीछे की वास्तविक वजह स्पष्ट हो सकेगी।

गांव में पसरा मातम
एक ही परिवार के दो सदस्यों की निर्मम हत्या से पूरे गांव में शोक का माहौल है। ग्रामीणों के अनुसार, जगदंबा प्रसाद शांत स्वभाव के किसान थे और गांव में उनका सम्मान था। घटना के बाद बड़ी संख्या में ग्रामीण मृतकों के घर पहुंचकर परिजनों को सांत्वना देते रहे।
एसएसपी ने क्या कहा
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. अनिल कुमार ने बताया कि सुबह सूचना मिलने के बाद पुलिस टीम तत्काल घटनास्थल पर पहुंची। पूरे मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है। डॉग स्क्वायड और फॉरेंसिक टीम की मदद से साक्ष्य जुटाए गए हैं। परिजनों द्वारा जिन लोगों पर संदेह जताया गया है, उनकी तलाश के लिए विशेष टीमों को रवाना कर दिया गया है।
उन्होंने कहा कि सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर जांच की जा रही है। जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार कर घटना का खुलासा किया जाएगा। हत्या के पीछे का कारण आरोपियों की गिरफ्तारी और पूछताछ के बाद स्पष्ट हो सकेगा।
पुलिस की जांच जारी
फिलहाल पुलिस हत्या के पीछे पुरानी रंजिश, पारिवारिक विवाद और अन्य संभावित कारणों को ध्यान में रखकर जांच कर रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट, फॉरेंसिक जांच और अन्य साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। पूरे मामले पर पुलिस की नजर बनी हुई है।
