वाराणसी (रणभेरी) : काशी में इस वर्ष महाशिवरात्रि का पर्व अभूतपूर्व भव्यता के साथ मनाया जाएगा। शहर के प्रमुख शिवालयों में सजावट और साफ-सफाई अंतिम चरण में है, वहीं विभिन्न इलाकों से निकलने वाली शिव बारातें खास आकर्षण का केंद्र बनी हुई हैं।
भोजूबीर स्थित महावीर मंदिर भोजूबीर से निकलने वाली शोभायात्रा में इस बार 17 फीट ऊंची भगवान शिव की विशाल प्रतिमा स्थापित की जाएगी, जो जनपद की सबसे बड़ी प्रतिमा बताई जा रही है। इसके अलावा कई समितियां 11 फीट ऊंचे शिवलिंग और शिव-पार्वती की भव्य झांकियां तैयार कर रही हैं।
कश्मीरीगंज के शिव महाकालेश्वर स्पोर्टिंग क्लब की झांकी में सिंहासन पर विराजमान महादेव के साथ अष्टभुजी मां दुर्गा के दर्शन होंगे। कहीं शिव माता गौरा का सिंदूरदान करते नजर आएंगे तो कहीं कैलाश पर्वत की झांकी भक्तों को आकर्षित करेगी।
विशेष बात यह है कि शिव बारात में इस बार विदेशी मेहमान भी शिवगणों के रूप में शामिल होंगे। मूर्तिकार अभिजीत विश्वास की कार्यशाला में प्रतिमाओं को अंतिम रूप दिया जा रहा है। शिवरात्रि के बाद होलिका दहन की तैयारियां भी शुरू हो चुकी हैं। शिल्पकारों को विभिन्न स्वरूपों की 25 से अधिक मूर्तियों के ऑर्डर मिल चुके हैं। पूरी काशी इन दिनों शिवमय हो चुकी है।
