(रणभेरी): शहर के कोतवाली क्षेत्र में छात्र नेता के घर फायरिंग और मारपीट के मामले ने तूल पकड़ लिया है। इस बीच मुख्य आरोपी आर्थक प्रताप सिंह का एक और कथित वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ है, जिसमें वह कुछ साथियों के साथ एक युवक की बेरहमी से पिटाई करता दिखाई दे रहा है। वीडियो की पुलिस सत्यता की जांच कर रही है।
एक और आरोपी गिरफ्तार, जेल भेजा गया
छात्र नेता उज्ज्वल यादव के घर फायरिंग प्रकरण में पुलिस ने फरार चल रहे एक और आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। कोतवाली पुलिस ने गोला क्षेत्र के निवासी सक्षम मिश्रा को सर्विलांस की मदद से दबोचा। सोमवार दोपहर उसे न्यायालय में पेश किया गया, जहां से न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया।इससे पहले पुलिस मुख्य आरोपी आर्थक प्रताप सिंह, अनीश शुक्ला और विपिन कुमार को गिरफ्तार कर चुकी है। दो अन्य नामजद आरोपियों की तलाश में पुलिस की टीमें गोरखपुर समेत आसपास के जिलों में दबिश दे रही हैं।

आधी रात पहुंचकर की फायरिंग
घटना 20 फरवरी की रात करीब 11 बजे की बताई जा रही है। आरोप है कि आर्थक प्रताप सिंह अपने साथियों के साथ लक्जरी गाड़ी से छात्र नेता के आर्यनगर स्थित आवास पर पहुंचा। घर के बाहर शोर मचाते हुए छात्र नेता को बाहर बुलाया गया। विरोध करने पर उनकी मां के साथ मारपीट की गई। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार आरोपियों ने कई राउंड फायरिंग भी की, जिससे इलाके में दहशत फैल गई।
मां से मारपीट, जान से मारने की धमकी
पीड़ित छात्र नेता की मां ने आरोप लगाया कि आरोपियों ने उन्हें धक्का दिया, मुंह दबाकर थप्पड़ मारे और बेटे को जान से मारने की धमकी दी। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची। तीन आरोपियों को मौके के आसपास से पकड़ लिया गया, जबकि कुछ अन्य फरार हो गए।

दोस्ती से दुश्मनी तक
पुलिस जांच में यह बात भी सामने आई है कि आरोपी और पीड़ित पहले घनिष्ठ मित्र थे। दोनों विश्वविद्यालय की गतिविधियों और छात्र राजनीति में साथ दिखाई देते थे। हालांकि हाल के दिनों में आपसी विवाद ने संबंधों को बिगाड़ दिया। सूत्रों के अनुसार, किसी युवती से बातचीत को लेकर शुरू हुआ विवाद बढ़ता गया। पुलिस इस पहलू की भी जांच कर रही है।
अवैध असलहे की तलाश
प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि घटना में अवैध पिस्टल का इस्तेमाल हुआ। पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि हथियार कहां से और किसके माध्यम से उपलब्ध कराया गया। इसके लिए विशेष टीम गठित की गई है।
रिकॉर्ड के अनुसार मुख्य आरोपी और उसके साथियों पर पूर्व में भी कई गंभीर धाराओं में मुकदमे दर्ज हैं। अधिकारियों का कहना है कि सभी आरोपियों की आपराधिक पृष्ठभूमि खंगाली जा रही है।
जन्मदिन की पार्टी में बनी थी योजना?जांच में यह भी सामने आया है कि घटना से एक दिन पहले आरोपी का जन्मदिन था। उसी दौरान कथित तौर पर आपसी रंजिश को लेकर चर्चा हुई और अगले दिन हमला करने की साजिश रची गई।पुलिस का बयानक्षेत्राधिकारी ने बताया कि मामले में साक्ष्य एकत्र किए जा रहे हैं। वायरल वीडियो की फोरेंसिक जांच कराई जाएगी। फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए टीमें लगातार छापेमारी कर रही हैं।
