काशी विश्वनाथ मंदिर का ‘आस्क नंदी’ बना भक्तों का डिजिटल सहायक, एक साल में 7 करोड़ श्रद्धालुओं से संवाद

काशी विश्वनाथ मंदिर का ‘आस्क नंदी’ बना भक्तों का डिजिटल सहायक, एक साल में 7 करोड़ श्रद्धालुओं से संवाद

वाराणसी (रणभेरी): श्रीकाशी विश्वनाथ मंदिर न्यास की ओर से शुरू किया गया एआई चैटवॉट ‘आस्क नंदी’ श्रद्धालुओं के लिए डिजिटल सहायक के रूप में तेजी से लोकप्रिय हो रहा है। यह चैटवॉट अब तक एक वर्ष में करीब सात करोड़ भक्तों से संवाद कर चुका है और प्रतिदिन औसतन ढाई से तीन लाख लोगों की जिज्ञासाओं का समाधान कर रहा है।

मंदिर प्रशासन के अनुसार, ‘आस्क नंदी’ को मंदिर की आधिकारिक वेबसाइट और डिजिटल प्लेटफॉर्म पर सफलतापूर्वक लागू किया गया है। यह चैटबॉट मंदिर से जुड़ी सुविधाओं, दर्शन व्यवस्था, मार्गदर्शन, दान-सहायता, हेल्प डेस्क, टिकट बुकिंग और अन्य आवश्यक जानकारियां सेकंडों में उपलब्ध करा रहा है।

10 भाषाओं में संवाद की सुविधा

यह एआई चैटबॉट हिंदी और अंग्रेजी सहित तमिल, तेलुगु, बांग्ला, उड़िया, मराठी, असमिया, कन्नड़ और पंजाबी भाषा में बातचीत करने में सक्षम है, जिससे देश के विभिन्न हिस्सों से आने वाले श्रद्धालुओं को अपनी भाषा में जानकारी मिल पा रही है।

श्रद्धालुओं को मिल रही हैं ये सुविधाएं

‘आस्क नंदी’ के माध्यम से सुगम दर्शन, मंगला आरती और अन्य विशेष आरतियों की बुकिंग से जुड़ी जानकारी आसानी से प्राप्त की जा सकती है। इसके साथ ही प्रसाद सेवा के तहत घर बैठे बाबा विश्वनाथ का प्रसाद मंगाने की प्रक्रिया की जानकारी भी चैटबॉट तुरंत उपलब्ध कराता है।

मंदिर के खुलने-बंद होने का समय, विभिन्न अनुष्ठानों की समय-सारिणी, अतिथि गृहों की उपलब्धता और आरक्षण से जुड़ी सहायता भी यह सेवा 24 घंटे प्रदान कर रही है। खासतौर पर काशी आने वाले तीर्थयात्रियों के लिए यह डिजिटल सुविधा काफी उपयोगी साबित हो रही है।

कैसे करें उपयोग

श्रद्धालु श्रीकाशी विश्वनाथ मंदिर न्यास की आधिकारिक वेबसाइट skvt.org पर जाकर इस सेवा का लाभ उठा सकते हैं। वेबसाइट के होमपेज पर उपलब्ध चैट आइकन पर क्लिक करते ही भक्त अपनी किसी भी जिज्ञासा का तुरंत समाधान प्राप्त कर सकते हैं। मंदिर प्रशासन का कहना है कि इस पहल का मुख्य उद्देश्य भक्तों और प्रशासन के बीच संवाद को सरल और प्रभावी बनाना है। विशेष रूप से पर्व-त्योहारों और अत्यधिक भीड़ के दौरान यह तकनीक श्रद्धालुओं को सटीक और समय पर जानकारी देकर उनकी यात्रा को और अधिक सुगम बनाएगी।

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