वाराणसी (रणभेरी): Yogi Adityanath दो दिवसीय वाराणसी प्रवास पर हैं। रविवार को पहले दिन उन्होंने सर्किट हाउस में विकास कार्यों, निर्माण परियोजनाओं और कानून-व्यवस्था की समीक्षा की। बैठक के दौरान Kashi Vishwanath Temple परिसर में हाल में सामने आए एक विवाद पर उन्होंने कड़ी आपत्ति जताई।
सीएम ने अधिकारियों से स्पष्ट कहा कि दर्शन के लिए आने वाले श्रद्धालुओं के साथ किसी भी प्रकार का दुर्व्यवहार स्वीकार्य नहीं है। उन्होंने पुलिस कर्मियों की कार्यशैली में सुधार लाने के निर्देश देते हुए कहा कि भविष्य में ऐसी शिकायतें दोबारा नहीं मिलनी चाहिए।
बटुक से मारपीट का मामला उठा बैठक में
बताया जा रहा है कि 27 फरवरी को विश्वनाथ धाम के प्रवेश द्वार पर एक बटुक के साथ पुलिसकर्मियों द्वारा कथित मारपीट की गई थी। आरोप है कि ड्यूटी पर तैनात सिपाही ने उसे थप्पड़ मारे, जबकि एक दरोगा ने बाल खींचकर उसे बैरिकेडिंग के पीछे धकेल दिया और लाइन में खड़ा होने से रोक दिया। यह मामला सामने आने के बाद प्रशासनिक स्तर पर हलचल मच गई थी।
सीएम ने इस प्रकरण का जिक्र करते हुए कहा कि आस्था के केंद्रों पर अनुशासन के साथ-साथ संवेदनशील व्यवहार भी जरूरी है। मंदिर प्रशासन को भी व्यवस्थाएं बेहतर बनाने के निर्देश दिए गए, ताकि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की अव्यवस्था का सामना न करना पड़े।

त्योहारों को लेकर सतर्कता के निर्देश
बैठक में आने वाले त्योहारों, खासकर होली, को लेकर भी चर्चा हुई। मुख्यमंत्री ने साफ कहा कि हुड़दंग या कानून तोड़ने की कोशिश करने वालों पर सख्त कार्रवाई की जाए। पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों को 24 घंटे सतर्क रहने के निर्देश दिए गए, ताकि पर्व शांति और सौहार्द के साथ संपन्न हो सके।
कॉरिडोर की दुकानों और सुविधाओं पर भी फोकस
सीएम ने Kashi Vishwanath Corridor में बनी दुकानों तक श्रद्धालुओं की आसान पहुंच सुनिश्चित करने को कहा। साथ ही मंदिर परिसर में मिलने वाली पूजन सामग्री की कीमतों पर निगरानी रखने के निर्देश दिए। उन्होंने दोहराया कि धार्मिक स्थल श्रद्धा और विश्वास के केंद्र हैं, इन्हें व्यावसायिक लाभ का माध्यम नहीं बनने दिया जाएगा।
बैठक के अंत में मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को चेताया कि कानून-व्यवस्था से जुड़ी किसी भी लापरवाही पर सख्त रुख अपनाया जाएगा और अपराधियों के प्रति किसी तरह की ढील नहीं बरती
