गाजीपुर। विकास खंड मुहम्मदाबाद के शक्करपुर गांव के ग्रामीणों के लिए दोहरी रेल लाइन पार करना रोज़मर्रा का खतरा बन गया है। रेलवे अंडरपास की लंबे समय से चली आ रही मांग के बावजूद रेल प्रशासन की उदासीनता थमने का नाम नहीं ले रही। ग्रामीण इसे जिम्मेदार अधिकारियों की लापरवाही मान रहे हैं, तो कुछ इसे अपना दुर्भाग्य बता रहे हैं।
ग्रामीणों की शिकायत पर गाजीपुर के रेलवे अनुभाग अभियंता (कार्य) ने मौके पर जांच कर बताया कि प्रस्तावित स्थान पर डाउन लाइन की ओर मात्र 10.97 मीटर और अप लाइन की ओर 18.08 मीटर भूमि उपलब्ध है। अंडरपास निर्माण के लिए डाउन लाइन की सीधी पट्टी में 10.6 मीटर की आवश्यकता है, जिसके बाद संपर्क मार्ग के लिए रेलवे भूमि शेष नहीं रहती। यह जानकारी रेलवे ने शिकायत संख्या एमओआरएलवाई/ई/2025/003025 के उत्तर में दी।

इसके बाद ग्रामीणों ने ग्राम प्रधान प्रतिनिधि अखिलेश के साथ उपजिलाधिकारी से मिलकर ग्राम सभा मार्ग को संपर्क मार्ग में समायोजित करने का आग्रह किया। लेखपाल ने मौके की रिपोर्ट तैयार कर दी, जिसे जिलाधिकारी को भेजे जाने की बात कही गई। वहीं वाराणसी रेल मंडल बार-बार प्रस्ताव विचाराधीन होने की बात कह रहा है।
अब सवाल यह है कि यह देरी जांच प्रक्रिया की है या फिर लापरवाही की। शक्करपुर के ग्रामीणों ने जिलाधिकारी गाजीपुर से “एसबीके–जीसीटी के मध्य 120/01 पर 2.5 मीटर अंडरपास” को शीघ्र स्वीकृति दिलाने और जान-माल की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की है।
