वाराणसी: लॉकडाउन के बाद बढ़ें पेट्रोल-डीजल के दाम तो कांग्रेस को खिंचवानी पड़ी बैलगाड़ी से कार

रिपोर्ट: संवाददाता धर्मेन्द्र पाण्डेय

वाराणसी(रणभेरी): मोदी सरकार के ओर से पेट्रोल एवं डीजल के मूल्य वृद्धि के खिलाफ कांग्रेसियों ने मोर्चा खोल दिया है। पीएम के संसदीय क्षेत्र वाराणसी में कांग्रेसियों ने अलग-अलग तरीकों से उन्हें घेरने की कोशिश की है। इस दौरान कांग्रेसियों सरकार के खिलाफ सड़क पर प्रदर्शन किया और अनोखे रूप में विरोध दर्ज कराया।

पिछ्ले कुछ दिनों से लगातार बढ़ रहे पेट्रोल और डीजल के दाम को लेकर कांग्रेस पार्टी के कार्यकर्ताओं ने बैलगाड़ी से कार को खिंचवाते हुए अनोखा प्रदर्शन किया है। इस दौरान उन्होंने सरकार के ऊपर आरोप लगाया कि गरीब आदमी एक तो लॉकडाउन से पहले ही मारा जा चुका है और सरकार अब उसके ऊपर पेट्रोल और डीजल का बोझ डालकर उसे पूरी तरीके से मारना चाहती है।

वरिष्ठ कांग्रेसी नेता राजेश मिश्रा ने सरकार के ऊपर गंभीर आरोप लगाते हुए बढ़े हुए पेट्रोल और डीजल के मूल्यों को वापस लेने की बात कही है। उन्होंने सरकार के ऊपर आरोप लगाया कि सरकार गरीब और आम जनता का शोषण करना चाहती है। सरकारी खजाना खाली होने के बाद भरपाई अब आम जनता को करनी पड़ रही है। आम जनता तो लॉक डाउन में पहले से ही कंगाल हो चुकी है। लोगों के पास खाने-पीने तक कि कमी होने लगी है। ऐसे में सरकार लोगों की मदद छोड़ उनके ऊपर बोझ डाल रही है। यदि सरकार ने मूल्य व्रिद्धि को वापस नहीं लिया तो चरण बद्ध तरीके से कांग्रेसजन सरकार के विरोध में आंदोलन करेंगे,जिसकी सारी जिम्मेदारी सरकार की होगी।

जुलूस-प्रदर्शन में पूर्व सांसद डॉ राजेश मिश्रा, पूर्व मंत्री वीरेन्द्र सिंह, विजय शंकर पाण्डेय, पूर्व अध्यक्ष हाजी रईस अहमद, मनिन्द्र मिश्रा, बैजनाथ सिंह, अक्षयबर तिवारी, भूपेंद्र सिंह, अशोक पाण्डेय, सुशील सिंह, डॉ जेपी तिवारी, अजय सिंह, सैय्यद साजिद अली, गुलेर अहमद, बबलू शुक्ला, राकेश सिंह, अफरोज अंसारी, हाजी वकास अंसारी, असलम खान, गुलशन अंसारी, राजू भारती, ओम शुक्ला, आशीष पाण्डेय, राहुल पाण्डेय, अरुणेश सिंह, आशीष सिंह विक्की आदि शामिल थे।