दबाव: प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने प्रदूषण फैलाने पर बीएचयू पर ही लगा दिया 50 हजार का जुर्माना

दबाव: प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने प्रदूषण फैलाने पर बीएचयू पर ही लगा दिया 50 हजार का जुर्माना

वाराणसी। प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने कहा है कि बीएचयू प्रदूषण फैला रहा है। इसके कारण काशी की वायु गुणवत्ता बेहद खराब हो गई है। इसे लेकर बोर्ड ने बीएचयू प्रशासन को नोटिस जारी किया है। कहा गया है कि अगर नोटिस का जवाब नहीं मिला तो जुर्माना की भी कार्रवाई की जाएगी। वहीं बोर्ड ने कैंसर अस्‍पताल निर्माण के दौरान फैल रहे प्रदूषण के मामले में भी बीएचयू पर ही जुर्माना लगाने पर सवाल उठ रहे हैं।

बोर्ड के क्षेत्रीय अधिकारी कालिका सिंह ने बताया कि शुक्रवार को निरीक्षण के समय पाया गया कि नरिया से कैंसर अस्पताल को जाने वाली सड़क पर बीएचयू की ओर से सालिड वेस्ट यानी कूड़ा फेंका जा रहा है। यही नहीं आरोप है कि कूड़े को भी जलाया जा रहा है। इसके कारण पर्यावरण प्रदूषित हो रहा है। यह भी आरोप लगाया कि ऐसे ही मामले में 16 अप्रैल को भी नोटिस जारी किया गया था, बावजूद इसके सालिड वेस्ट का निस्तारण का उचित प्रबंध नहीं किया गया। ऐसे में बीएचयू प्रशासन ने कारण बताओ का जवाब नहीं दिया तो नोटिस की पुष्टि कर दी जाएगी। साथ ही पर्यावरण की क्षतिपूर्ति आरोपित कर दिया जाएगा।

इसके अलावा टाटा कैंसर अस्पताल निर्माण के तहत बिल्डिंग मैटेरियल गेट के बाहर खुले में रखा जा रहा है। इसके कारण पर्यावरण को नुकसान पहुंच रहा है। इस संबंध में बोर्ड ने बीएचयू के लोक निर्माण विभाग के अधिशासी अभियंता पर 50 हजार का जुर्माना लगाया है। आरोप है कि अस्पताल के निर्माण में प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के मानकों की अनदेखी की जा रही है।