GDP: सुब्रमण्यम स्वामी बोले- निर्मला सीतारमण नहीं जानती हैं अर्थशास्त्र

GDP: सुब्रमण्यम स्वामी बोले- निर्मला सीतारमण नहीं जानती हैं अर्थशास्त्र

नई दिल्ली। देश में अर्थव्यवस्था को लेकर जारी बहस के बीच संसद के शीतकालीन सत्र के दौरान वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण ने एक बयान दिया था। वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने गुरुवार को राज्यसभा में कहा कि अगर आप अर्थव्यवस्था की समझ रखते हैं तो आप देख सकते हैं कि आर्थिक वृद्धि में कमी आई है लेकिन इससे देश में मंदी जैसे हालात नहीं हैं। निर्मला सीतारमण से इसी बयान को लेकर उनके अपने ही पार्टी भाजपा के राज्यसभा सांसद सुब्रमण्यम स्वामी ने उनपर निशाना साधा है।

वित्तमंत्री को अर्थशास्त्र की जानकारी नहीं: 
वित्तमंत्री के संसद में दिए गए बयान पर सुब्रमण्यम स्वामी ने कहा कि निर्मला सीतारमण अर्थशास्त्र नहीं जानती हैं। स्वामी ने कहा, 'क्या आप जानते हैं कि वास्तविक विकास दर आज क्या है? वे (सरकार) कह रहे हैं कि यह 4.8% पर है लेकिन मैं कह रहा हूं कि ये 1.5% है। सुब्रमण्यम स्वामी ने हफपोस्ट इंडिया को दिए इंटरव्यू के दौरान ये बातें कहीं थीं। इसके दो दिन बाद यानी शुक्रवार को दूसरी तिमाही के जीडीपी आंकड़े जारी किए गए, उसके अनुसार दूसरी तिमाही में विकास दर 4.5 फीसदी रही है, जोकि पिछले 6 वर्ष में सबसे निचले स्तर पर है।

कॉर्पोरेट्स के लिए टैक्स में छूट देती हैं वित्तमंत्री:
भाजपा सांसद ने कहा, 'यदि आप प्रेस कॉन्फ्रेंस देखेंगे तो तो वह (निर्मला सीतारमण) जवाब देने के लिए अधिकारियों को माइक सौंप रही हैं।' स्वामी ने कहा कि आज देश में क्या समस्या है? खराब डिमांड, सप्लाई कोई समस्या नहीं है। लेकिन उन्होंने क्या किया? वह (वित्तमंत्री) कॉर्पोरेट्स के लिए टैक्स में छूट देती हैं। वे केवल अपने कर्ज उतारने में इसका इस्तेमाल करेंगे और यही उन्होंने किया है।'

पीएम को अर्थव्यवस्था की सच्चाई नहीं बताई गई:
सुब्रमण्यम स्वामी ने कहा, प्रधानमंत्री मोदी के सलाहकार उन्हें सच्चाई बताने से बहुत डरते थे। पीएम मोदी को इसके बारे में कुछ जानकारी नहीं है, उनको बताया गया है कि अर्थव्यवस्था बहुत अच्छी है।' स्वामी खुद को वित्तमंत्री के पद का दावेदार मानते रहे हैं। इसपर वे कहते हैं कि पीएम मोदी कैबिनेट में उन्हें नहीं चाहते हैं।' बता दें कि संसद में वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने यूपीए सरकार से सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) वृद्धि दर की तुलना करते हुए कहा था कि साल 2009-2014 के अंत में भारत की वास्तविक जीडीपी की वृद्धि दर 6.4% थी, जबकि 2014-2019 के बीच यह 7.5% पर रही।